महिलाओं का कमर दर्द । lower backpain ka ilaj in hindi



हमारे यहां एक कहावत प्रचलित है- महिलाओ के कमर दर्द में ज्यादा ध्यान नहीं देना चाहिए, महिला यानि कमर दर्द होगा ही उसमे कुछ विशेष नही, पर हम जब कमर दर्द के पीडित एवम रोगी की शिकायतों को सामाजिक दृष्टिकोण से देखते हैं तो, तभी हमें महिलाओं के कमर दर्द का अचूक कारन समजने में आसानी रहेगी और kamar dard ka ilaj करने में सफलता मिलेगी।



महिलाओं के कमर दर्द के कारण क्या है ?

कमर दर्द क्यों होता है, 50% महिलाओं में एनीमिया और कैल्शियम की कमी पीठ दर्द का प्रमुख कारण है। नीचे रखा भारी कंबल उठाना, पाणी भरा हुआ घड़ा उठाना, नीचे झुककर कपड़े धोना, एक बोर्ड पर एक पूरा बॉक्स उठाना और इसे नीचे रखना कमर में एक झनझनाट का कारण बन सकता है। उसी तरह ऑफिस मे बैठे बैठे झुकके लिखाण का काम और सात ही सात घरका कमरतोड काम इससे कमर के दर्द अधिक बढ़ते है।


व्यायाम की कमी एक और कमर दर्द का कारण है, जबकी बोरिंग कमरतोड़ काम लगातार करते रहना भी एक मुख्य कारण है।


एनीमिया या कैल्शियम की कमी से शरीर में दर्द या पीठ का दर्द होता है। 15 से 45 के आयु मे 50% महिला रक्तहीनता से पीड़ित होते है। कमर दर्द के समय महिलाओ के शरीर में हीमोग्लोबिन की मात्रा बढ़ाने की आवशकता होती है। हीमोग्लोबिन बढ़ने से भी kamar dard ka ilaj हो सकता है।


गर्भावस्था मे कमर दर्द

गर्भावस्था और प्रसव के दौरान महिलाओं को अतिरिक्त कैल्शियम की सख्त जरूरत होती है। मासिक धर्म के दौरान कैल्शियम की और कमी पड जाती है। उस वजह से गर्भावस्था मे कमर का दर्द अधिक बढ़ता है।


कमर दर्द का घरेलू उपचार और कमर दर्द में आहार (कमर दर्द कैसे ठीक करें)

आयरन और कैल्शियम की कमी का इलाज करने के लिए बाजार मे कई गोलियाँ उपलब्ध हैं। गोलियाँ लेने की तुलना में निश्चित रूप से आहार में आयरन और कैल्शियम को शामिल करना अधिक फायदेमंद है। नचनी की रोटी, बाजरे की रोटी, हरी पत्तेदार सब्जियां, दूध, दही, अंडे, सीताफल, कटहल आदि से आयरन की कमी को दूर किया जा सकता है।


कमर दर्द मे व्यायाम का महत्व (Importance of the exercise in back pain)

Kamar dard ka ilaj करने में व्यायाम एक जरूरी है। लड़कियों को अक्सर व्यायाम की आवश्यकता होती है, यहां तक ​​कि उनके माता-पिता को ये बात पता भी नहीं होती है। हर कोई चाहता है कि लड़कियां नाजुक, अच्छी, स्मार्ट दिखें। लेकिन कई लड़कियों को सही उम्र में यह नहीं बताया जाता है कि वह अपने शरीर को स्वस्थ रखें। हाल ही में यह ऊपरी भ्रूण में स्वास्थ्य क्लबों की सनक बन गया है; लेकिन फिर भी महिलाओं को व्यायाम करना चाहिए।

कमर दर्द की एक्सरसाइज - कमर दर्द का योगा (kamar dard ki exercise)

कमर दर्द को रोकने में सरल योगासन सहायक हो सकते हैं, कमर दर्द मे योगा प्रकार आपको कमर दर्द से दूर रक सकता है। हर किसी को भुजंगासन, पवनमुक्तासन और वज्रासन जैसे बहुत ही सरल आसन सीखने चाहिए।


महिलाओं का काम अंतहीन और उबाऊ है। हर दिन रसोई में एक जैसा काम करने से रीड की हड्डी थक जाती हैं। कमर दर्द को कम करने के लिए पीट की मांसपेशियों को मजबूत करना बहुत महत्वपूर्ण है। यह सरल और साधारण व्यायाम से मुमकिन हो सकता हैं।


यदि महिलाएं अपने एनीमिया से छुटकारा पाती हैं और योगा को अपने दैनिक जीवन में शामिल करती हैं, तो पीठ दर्द को आसानी से दूर किया जा सकता है।


कमर दर्द मे डॉक्टर के पास कब जाना चाहिए ?

कमर दर्द कई कारणोंसे हो सकता है, इस दौड़भरे जीवन मे अक्सर लोग कमरदर्द का घरेलु उपाय करना पसंद करते हैं, लेकिन कमर दर्द के कुछ ऐसे लक्षण दिखे तो आपको डॉक्टर के पास जाना चाहिए, और kamar dard ka ilaj करवाना चाहिए।

  • अगर कमर डरके सात ही सात पेट का दर्द भी हो तो जाना चाहिए।

  • अगर रात में तेज कमर दर्द होता है तो जाना चाहिए।

  • 6-7 हप्ते तक कमर दर्द काम नहीं होता है तो जाना चाहिए।

  • कमर दर्द पे घरेलु नुक्से करने के बाद भी कमर दर्द नहीं जाता हैं तो जाना चाहिए।

  • रोजमर्रा के कामो में बाधा आती हैं तो जाना चाहिए।

  • बाहों, पैरो में झनझनाट, या सुन्न पड़ते हैं तो जाना चाहिए।



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